उत्तराखंड के सीमांत गांवों चिन्यालीसौड़ और गौचर में हवाई पट्टी का संचालन अब भारतीय वायुसेना करेगी। सीएम धामी ने इसकी घोषणा की है। ये गांव चीन की सीमा से सटे हैं।
चीन की सीमा से सटे उत्तराखंड के चमोली और उत्तरकाशी जिलों के दो गांवों में हवाई पट्टी का संचालन अब भारतीय वायुसेना करेगी। इसके अलावा पिथौरागढ़ एयरपोर्ट के संचालन का जिम्मा एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया को सौंपा जाएगा। इसका एमओयू जल्द होने वाला है। प्रदेश की पुष्कर सिंह धामी सरकार की पिथौरागढ़ एयरपोर्ट के विस्तार की भी योजना है। इस पर 450 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। मुख्यमंत्री धामी ने सोमवार को देहरादून में मीडिया से रूबरू होकर यह जानकारी दी।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरकार सीमांत क्षेत्रों में हवाई सेवाओं के विस्तार पर जोर दे रही है। तीर्थाटन-पर्यटन के साथ ही सामरिक लिहाज से भी यह अहम है। इसे देखते हुए राज्य सरकार ने चमोली स्थित गौचर और उत्तरकाशी स्थित चिन्यालीसौड़ की हवाई पट्टियों का संचालन भारतीय वायुसेना को सौंपने को सैद्धांतिक सहमति दे दी है।
गुंजी में बनेगी नई हवाई पट्टी
आदि कैलाश आने वाले तीर्थयात्रियों और पर्यटकों को बेहतर हवाई सेवाएं देने के लिए सरकार कुमाऊं मंडल में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने जा रही है। इसके तहत गुंजी में एक किलोमीटर लंबी नई हवाई पट्टी बनाने का निर्णय लिया गया है। इसे बनाने में भी एयरफोर्स तकनीकी सहायता देगी।
पिथौरागढ़- मुनस्यारी हेली सेवा सितंबर में
पिथौरागढ़ और मुनस्यारी के बीच उड़ान योजना के तहत हेली सेवा 30 सितंबर तक शुरू होने की उम्मीद है। केंद्र सरकार ने इसके लिए हैरिटेज एविएशन का चयन किया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय नागर विमानन मंत्री राममोहन नायडू से हेली सेवाओं के विस्तार में सहयोग मांगा था। इसी क्रम में केंद्रीय मंत्री ने पत्र भेजकर इसकी जानकारी दी। पिथौरागढ़- धारचूला-पिथौरागढ़ रूट पर भी हेली सेवा की तैयारी की जा रही है।
